Bihar


हरिद्वार के कुलश्रेष्ठ ने बढ़ाया जिले का मान, अब कंबोडिया में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे!

News Pratyaksh | Updated : Fri 11th Sep 2026, 12:26 pm
हरिद्वार के कुलश्रेष्ठ ने बढ़ाया जिले का मान, अब कंबोडिया में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे! हरिद्वार: पुलिस मॉडर्न स्कूल रोशनाबाद के कक्षा 10 के छात्र कुलश्रेष्ठ ने वॉविनाम मार्शल आर्ट्स में शानदार प्रदर्शन कर हरिद्वार पुलिस और अपने स्कूल का नाम रोशन किया है। जम्मू-कश्मीर में आयोजित राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में बेहतरीन प्रदर्शन के बाद कुलश्रेष्ठ का चयन अब अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए हुआ है। वह आगामी नवंबर में कंबोडिया में होने वाली अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। कुलश्रेष्ठ की इस उपलब्धि पर शुक्रवार को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर ने पुलिस मॉडर्न स्कूल रोशनाबाद पहुंचकर उन्हें बधाई दी और उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने आगामी प्रतियोगिता के लिए शुभकामनाएं देते हुए हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। एसएसपी ने कहा कि पुलिस मॉडर्न स्कूल के विद्यार्थी पढ़ाई के साथ-साथ खेल और अन्य क्षेत्रों में भी शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं। विद्यार्थियों की ऐसी उपलब्धियां विद्यालय के साथ-साथ हरिद्वार पुलिस के लिए भी गौरव का विषय हैं। उन्होंने कहा कि प्रतिभावान विद्यार्थियों को आगे बढ़ने के लिए हर स्तर पर प्रोत्साहित किया जाना चाहिए। कुलश्रेष्ठ इससे पहले भी विभिन्न प्रतियोगिताओं में सफलता हासिल कर चुके हैं। अब कंबोडिया में भारत का प्रतिनिधित्व करने का मौका मिलने से स्कूल में भी उत्साह का माहौल है।

रेलवे टेंडर घोटाला: लालू यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव समेत 9 आरोपियों पर आरोप तय

News Pratyaksh | Updated : Thu 10th Sep 2026, 12:07 pm
रेलवे टेंडर घोटाला: लालू यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव समेत 9 आरोपियों पर आरोप तय नई दिल्ली: रेलवे टेंडर घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दिल्ली की राऊज एवेन्यू कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। स्पेशल जज विशाल गोगने की अदालत ने RJD सुप्रीमो लालू यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव समेत 9 आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने लालू यादव के दामाद राहुल यादव समेत 7 आरोपियों को बरी करने का भी आदेश दिया है। इन 9 आरोपियों के खिलाफ आरोप तय लालू यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव के अलावा लारा प्रोजेक्ट्स, सरला गुप्ता, प्रेमचंद गुप्ता, सुजाता होटल्स, विनय कोचर और विजय कोचर के खिलाफ भी आरोप तय किए गए हैं। 7 आरोपियों को मिली राहत कोर्ट ने राहुल यादव, गौरव गुप्ता, नाथ मल कंकर्निया, विजय त्रिपाठी, डीएन तुलस्यान, राजीव रेलान और अभिषेक फाइनेंस को मामले में बरी करने का आदेश दिया है। अदालत ने इससे पहले 13 फरवरी को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। इससे पहले 28 जनवरी 2019 को ईडी द्वारा दर्ज मामले में लालू यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव को नियमित जमानत दी गई थी। तीनों को एक-एक लाख रुपये के निजी मुचलके पर जमानत मिली थी। वहीं, 19 जनवरी 2019 को CBI के मामले में लालू यादव को नियमित जमानत दी गई थी। इस मामले में 13 अक्टूबर 2025 को भी कोर्ट ने रेलवे टेंडर घोटाले से जुड़े CBI केस में लालू यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव समेत अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप तय करने का आदेश दिया था।

मधुबनी में फर्जी पासपोर्ट नेटवर्क का भंडाफोड़, 62 मूल पासपोर्ट के साथ चार आरोपी गिरफ्तार

News Pratyaksh | Updated : Tue 08th Sep 2026, 12:47 pm
मधुबनी में फर्जी पासपोर्ट नेटवर्क का भंडाफोड़, 62 मूल पासपोर्ट के साथ चार आरोपी गिरफ्तार मधुबनी: बिहार के मधुबनी जिले में पुलिस ने फर्जी पासपोर्ट और अवैध विदेशी वीजा से जुड़े नेटवर्क का खुलासा करने का दावा किया है। घोघरडीहा थाना क्षेत्र में गुप्त सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई में पुलिस ने 62 मूल पासपोर्ट जब्त किए हैं। मामले में गिरोह के चार मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। रात्रि गश्ती के दौरान पुलिस को हुआ शक वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार के अनुसार, अपराध नियंत्रण को लेकर जिले में लगातार वाहन जांच और रात्रि गश्ती अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में घोघरडीहा थाना की पुलिस टीम हनुमान चौक के पास विशेष वाहन चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान शत्रुपट्टी की ओर से आ रही एक मोटरसाइकिल पर सवार दो लोगों की नजर पुलिस पर पड़ी। पुलिस को देखते ही दोनों अचानक बाइक घुमाकर भागने लगे। संदेह होने पर पुलिस टीम ने तत्परता से घेराबंदी कर दोनों को पकड़ लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान मोहम्मद इरशाद और रफी अहमद के रूप में हुई। तलाशी के दौरान उनके पास मौजूद काले रंग के बैग से भारत के अलग-अलग राज्यों और जिलों से जारी 62 मूल पासपोर्ट, पांच खाली रजिस्ट्री लिफाफे और दो मोबाइल फोन बरामद किए गए। विदेश में नौकरी के नाम पर मंगवाते थे पासपोर्ट एसएसपी योगेंद्र कुमार के मुताबिक, पूछताछ के दौरान मोहम्मद इरशाद ने पुलिस को बताया कि उसके पिता मोहम्मद आरजू विदेश में नौकरी दिलाने के नाम पर देश के अलग-अलग हिस्सों से पासपोर्ट मंगवाते थे। बताया गया कि ये पासपोर्ट घोघरडीहा क्षेत्र में ग्रामीण डाक सेवक मोहम्मद अदनान हुसैन के पते पर मंगवाए जाते थे। इसके बाद पासपोर्ट को पटना और कानपुर में सक्रिय एजेंटों मयंक और श्रवण तक पहुंचाया जाता था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद पासपोर्ट किन लोगों के हैं, इन्हें किस उद्देश्य से एकत्र किया जा रहा था और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका क्या है। मामले में आगे की जांच जारी है।

भैंस किसकी? गया में मालिकाना हक का विवाद IG तक पहुंचा, ईयर टैग से खुलेगा राज

News Pratyaksh | Updated : Thu 27th Aug 2026, 12:28 pm
भैंस किसकी? गया में मालिकाना हक का विवाद IG तक पहुंचा, ईयर टैग से खुलेगा राज गया। अतरी प्रखंड में एक भैंस के मालिकाना हक को लेकर दो गांवों के बीच ऐसा विवाद खड़ा हो गया कि मामला मगध रेंज के आईजी विकास वैभव तक पहुंच गया। असढ़िया गांव के सूरज यादव और नौरंगा गांव के प्रकाश मांझी एक ही भैंस को अपना बता रहे हैं। अब पुलिस और पशुपालन विभाग की जांच के बाद ही तय होगा कि भैंस का असली मालिक कौन है। एक भैंस, दो दावेदार और IG तक पहुंचा मामला मंगलवार को प्रकाश मांझी समेत कई ग्रामीण मगध रेंज के आईजी विकास वैभव से मिलने पहुंचे। आईजी ने मामले की जानकारी लेते हुए जांच का जिम्मा ग्रामीण एसपी को सौंपा है। विवाद की स्थिति को देखते हुए जरूरत पड़ने पर भैंस और उसके बच्चे की डीएनए जांच कराने की संभावना भी जताई गई है। तीन महीने पहले चोरी होने का दावा प्रकाश मांझी का कहना है कि करीब तीन महीने पहले उनकी भैंस चोरी हो गई थी। उनके अनुसार, उन्होंने भैंस को महाचक से खरीदा था। बाद में वही भैंस असढ़िया गांव में एक व्यक्ति के घर के खूंटे से बंधी मिली। प्रकाश का दावा है कि असढ़िया गांव उनके गांव से करीब पांच गांव की दूरी पर है। भैंस को पहचानने के आधार पर उन्होंने उस पर अपना मालिकाना हक जताया है। हालांकि, इस दावे के समर्थन में फिलहाल खरीद या चोरी से संबंधित कोई लिखित दस्तावेज सामने नहीं आया है। डीएनए से मालिक नहीं, ईयर टैग से मिल सकता है सुराग जिला पशुपालन पदाधिकारी सुनील राय के अनुसार, डीएनए जांच से किसी पशु का पंजीकृत मालिक सीधे साबित नहीं होता। डीएनए से पशु के जैविक संबंध, जैसे मां-बच्चे के संबंध की पुष्टि की जा सकती है। वहीं, पशु के स्वामित्व की जानकारी के लिए भारत पशुधन पोर्टल और पशु के कान में लगे ईयर टैग का रिकॉर्ड महत्वपूर्ण हो सकता है। यदि भैंस के कान में ईयर टैग लगा है, तो उसके नंबर के आधार पर पंजीकृत मालिक की जानकारी निकाली जा सकती है। पशुओं का 'आधार' है ईयर टैग पशुपालन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक ईयर टैग पशुओं की पहचान के लिए महत्वपूर्ण है। इसमें दर्ज नंबर के जरिए पशु का रिकॉर्ड भारत पशुधन पोर्टल पर देखा जा सकता है। ऐसे में इस अनोखे विवाद में भैंस का ईयर टैग सबसे अहम सुराग साबित हो सकता है। अगर टैग का रिकॉर्ड उपलब्ध हुआ, तो दोनों दावेदारों के दावे की जांच में पुलिस और प्रशासन को महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है। न चोरी की शिकायत, न खरीद का दस्तावेज थाना सूत्रों के अनुसार, प्रकाश मांझी की भैंस चोरी होने के संबंध में अतरी थाने में कोई लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई गई थी। इससे कथित चोरी की तारीख और घटना की स्वतंत्र पुष्टि फिलहाल नहीं हो पा रही है। वहीं, दोनों दावेदारों के पास भैंस की खरीद से जुड़े दस्तावेज भी उपलब्ध नहीं बताए जा रहे हैं। अब पुलिस जांच, पशुपालन विभाग के रिकॉर्ड और ईयर टैग की जानकारी के आधार पर यह तय किया जाएगा कि एक भैंस पर दावा करने वाले दोनों लोगों में से वास्तविक मालिक कौन है।

आरा के होटल में पुलिस की छापेमारी, 15 युवक-युवतियां हिरासत में; होटल संचालक गिरफ्तार

News Pratyaksh | Updated : Thu 27th Aug 2026, 12:27 pm
आरा के होटल में पुलिस की छापेमारी, 15 युवक-युवतियां हिरासत में; होटल संचालक गिरफ्तार आरा। नवादा थाना क्षेत्र के समीप एक होटल में बुधवार को पुलिस की विशेष टीम ने छापेमारी कर सात पुरुष और आठ महिलाओं को पकड़ा। पुलिस के अनुसार, सभी को होटल के अलग-अलग कमरों में आपत्तिजनक स्थिति में पाया गया। कार्रवाई के दौरान होटल संचालक प्रहलाद कुमार गुप्ता को भी गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने होटल से आपत्तिजनक सामान और रजिस्टर जब्त किया है। वहीं, नगर निगम और मजिस्ट्रेट की निगरानी में होटल को सील कर दिया गया। संदिग्ध गतिविधियों की सूचना पर हुई छापेमारी भोजपुर एसपी अवधेश दीक्षित को नवादा थाना के पास स्थित एक होटल में संदिग्ध गतिविधियां संचालित होने की सूचना मिली थी। इसके बाद प्रशिक्षु डीएसपी कोमल मेहता और सुधा राज के नेतृत्व में सीआईटी समेत विशेष टीम गठित की गई। टीम ने होटल में पहुंचकर कमरों की जांच की। इस दौरान सात पुरुष और आठ महिलाओं को आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ा गया। पुलिस ने मौके से कंडोम के पैकेट समेत अन्य आपत्तिजनक सामान बरामद किया, जिसे साक्ष्य के तौर पर सुरक्षित किया गया है। कमरों की वीडियोग्राफी, रजिस्टर भी जब्त कार्रवाई के दौरान संबंधित कमरों की वीडियोग्राफी कराई गई। पुलिस ने होटल का रजिस्टर और अन्य दस्तावेज भी जब्त किए हैं। अधिकारियों के अनुसार, इनकी जांच से होटल में आने वाले लोगों और कमरे बुक किए जाने के तरीके से जुड़ी जानकारी सामने आ सकती है। जांच पूरी होने के बाद जिला प्रशासन को सूचना दी गई। इसके बाद नगर निगम और मजिस्ट्रेट की निगरानी में होटल को सील कर दिया गया। घंटे के हिसाब से बुक होते थे कमरे पुलिस सूत्रों के अनुसार, जांच के दौरान यह जानकारी सामने आई कि होटल के कमरे कथित तौर पर घंटे के हिसाब से बुक किए जा रहे थे। पुलिस होटल के रजिस्टर और दूसरे दस्तावेजों की जांच कर यह पता लगाने में जुटी है कि यहां लंबे समय से इस तरह की गतिविधियां चल रही थीं या नहीं। बिना निबंधन चल रहा था होटल भोजपुर एसपी अवधेश दीक्षित के मुताबिक, होटल का संचालन बिना निबंधन के किया जा रहा था। पकड़े गए सभी युवक-युवतियां बालिग बताए गए हैं। प्रारंभिक पूछताछ में उनके आपसी सहमति से होटल आने की बात सामने आई है। पुलिस होटल संचालक समेत अन्य संबंधित लोगों के खिलाफ सराय एवं अन्य लागू कानूनों के तहत कार्रवाई कर रही है। साथ ही होटल में किसी अन्य अवैध या संदिग्ध गतिविधि के संचालन की भी जांच की जा रही है। शहर के अन्य होटलों की भी होगी जांच एसपी ने कहा कि आरा शहर में संचालित अन्य होटल और लॉज की भी समय-समय पर जांच कराई जाएगी। पुलिस का उद्देश्य होटल और लॉज में होने वाली किसी भी अवैध गतिविधि पर नजर रखना है। पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे मामले आरा शहर में इससे पहले भी होटल और रेस्टोरेंट में युवक-युवतियों के पकड़े जाने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। पुलिस के अनुसार, वर्ष 2017 में टाउन थाना क्षेत्र के चित्रटोली रोड स्थित एक होटल और नवादा चौक के एक रेस्टोरेंट में भी कार्रवाई हुई थी। करीब छह साल बाद नवादा थाना क्षेत्र के समीप हुई इस कार्रवाई ने एक बार फिर शहर के होटलों में चल रही गतिविधियों को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।

गोपालगंज में पुलिस पर बड़ा एक्शन, थानाध्यक्ष समेत चार गिरफ्तार

News Pratyaksh | Updated : Wed 19th Aug 2026, 12:50 pm
गोपालगंज में पुलिस पर बड़ा एक्शन, थानाध्यक्ष समेत चार गिरफ्तार गोपालगंज: बिहार के गोपालगंज में पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाने वाले मामले में एसपी विनय तिवारी ने कड़ा एक्शन लिया है। भ्रष्टाचार, अवैध हिरासत और कथित तौर पर पैसे लेकर निर्दोष लोगों को छोड़ने के मामले में जादोपुर थानाध्यक्ष समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। 36 घंटे तक हिरासत में रखने का आरोप मामले के अनुसार, जादोपुर थाना पुलिस पर कुछ लोगों को बिना उचित कानूनी प्रक्रिया के करीब 36 घंटे तक हिरासत में रखने का आरोप है। आरोप है कि उन्हें झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई और रिहाई के बदले कथित तौर पर पैसे की मांग की गई। प्रारंभिक पुलिस जांच में अलग-अलग लोगों से 50 हजार, 75 हजार और 55 हजार रुपये की कथित अवैध वसूली की बात सामने आई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने जांच के बाद जादोपुर थानाध्यक्ष समेत चार आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की है। पुलिस अब पूरे मामले में कथित वसूली, हिरासत और संबंधित लेनदेन की कड़ियों की जांच कर रही है।