मिथिला मखाने की ग्लोबल उड़ान! ऑस्ट्रेलिया रवाना हुई 25 टन की बड़ी खेप :
कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने दिखाई हरी झंडी, अंतरराष्ट्रीय बाजार में बिहार के मखाने की बढ़ेगी पहचान।
पटना: बिहार का प्रसिद्ध मिथिला मखाना अब वैश्विक बाजार में अपनी मजबूत पहचान बना रहा है। शुक्रवार को कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने बिहटा स्थित इंटीग्रेटेड यूनिट ऑफ इरैडिएशन कम पैक हाउस (बिहार एग्री एक्सपोर्ट) से 25 टन उच्च गुणवत्ता वाले मिथिला मखाने की खेप को ऑस्ट्रेलिया के लिए हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
यह खेप अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों के अनुरूप प्रोसेसिंग और पैकेजिंग के बाद निर्यात की गई है। सरकार का मानना है कि इससे बिहार के कृषि उत्पादों को वैश्विक पहचान मिलेगी और मखाना किसानों की आय में भी वृद्धि होगी।
इस मौके पर कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि बिहार का मखाना अब ग्लोबल ब्रांड बनने की ओर तेजी से बढ़ रहा है। राज्य सरकार किसानों की उपज को सीधे अंतरराष्ट्रीय बाजारों से जोड़ने के लिए लगातार काम कर रही है, ताकि उन्हें बेहतर मूल्य मिल सके और बिहार कृषि निर्यात का प्रमुख केंद्र बन सके।
उन्होंने बताया कि बिहटा स्थित इरैडिएशन कम पैक हाउस पूर्वी भारत के लिए महत्वपूर्ण निर्यात केंद्र है, जहां कृषि उत्पादों की गुणवत्ता, आधुनिक पैकेजिंग और निर्यात प्रक्रिया को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप तैयार किया जाता है।
कृषि मंत्री ने मखाना किसानों से संवाद कर भंडारण, उचित मूल्य, प्रोसेसिंग और निर्यात से जुड़ी समस्याएं भी सुनीं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार मखाना बोर्ड, जीआई टैग के प्रचार-प्रसार और मूल्य संवर्धन पर लगातार काम कर रही है, ताकि बिहार के इस पारंपरिक उत्पाद को विश्व बाजार में और मजबूत पहचान मिल सके।
कृषि विभाग के निदेशक अभिषेक कुमार ने बताया कि बिहटा से ट्रक के जरिए भेजी गई मखाने की खेप पहले प्रिस्टीन मगध ड्राई पोर्ट पहुंचेगी। वहां से सात कंटेनरों में इसे ट्रेन के माध्यम से आईसीडी कोलकाता पोर्ट भेजा जाएगा, जहां से समुद्री मार्ग के जरिए यह ऑस्ट्रेलिया पहुंचेगी।