Bihar


अपराधियों ने अनंत सिंह पर की गोलीबारी

News Pratyaksh | Updated : Thu 23rd Jan 2025, 08:46 am
अपराधियों ने अनंत सिंह पर की गोलीबारी छोटे सरकार कहे जाने वाले मोकामा के पूर्व विधायक अनंत सिंह पर अपराधियों ने बुधवार को गोलीबारीकी है। घटना पटना जिला के मोकामा प्रखंड अंतर्गत नौरंगा- जलालपुर गांव की है। ग्रामीणों का कहना है कि अनंत सिंह मोकामा में घूमकर लोगों से मिल रहे थे। तभी अचानक कुछ अपराधी वहां आये और उनपर फायरिंग करने लगे। तब तक पूर्व विधायक अनंत सिंह के समर्थकों ने भी जवाबी फायरिंग करने लगे। स्थान इय लोगों का कहना है कि दोनों तरफ से लगभग 60-70 राउंड फायरिंग किया गया है। पुलिस ने भी फायरिंग की पुष्टि करते हुए कहा कि घटनास्थल से कुछ खोखा भी बरामद हुआ है। पुलिस का कहना है कि कुख्यात अपराधी सोनू-मोनू गैंग ने इस घटना को अंजाम दिया है।अनंत सिंह एके 47 रखने के आरोप में लगभग 5 वर्षों तक पटना के बेउर जेल में सजायाफ्ता बंदी के रूप में रहे। कोर्ट ने उन्हें 10 वर्ष की सजा सुनाई थी। इस कारण उन्हें विधायकी गंवाई पड़ी थी। फिर गृह विभाग से हरी झंडी मिलने के बाद अनंत सिंह को 15 दिनों के लिए पैरोल मिला था। तब वह 5 मई 2024 को पटना के बेउर जेल से बाहर निकले थे। फिर पटना हाईकोर्ट ने उन्हें एके 47 और बुलेटपूफ्र जैकेट रखने वाले दो बड़े केस में बरी कर दिया और छोटे सरकार कहे जाने वाले मोकामा के पूर्व विधायक अनंत सिंह 14 अगस्त 2024 को जेल से रिहा कर दिए गये।

बिहार में चलती ट्रेन में बदमाशों का खूनी खेल, यात्री की गोली मारकर हत्या, सामने आई वजह -

News Pratyaksh | Updated : Wed 22nd Jan 2025, 12:00 pm
बिहार में चलती ट्रेन में बदमाशों का खूनी खेल, यात्री की गोली मारकर हत्या, सामने आई वजह -                                                                     लखीसराय: बिहार के लखीसराय में चलती ट्रेन में हत्या से यात्रियों के बीच हड़कंप मच गया. मंगलवार की शाम को किऊल जमालपुर रेल लाइन पर हावड़ा-गया एक्सप्रेस में बदमाशों ने युवक की गोली मारकर हत्या कर दी. इस घटना के बाद पुलिस मामले की छानबीन में जुटी है. अब तक की जांच में जो बात सामने आई है, उसके मुताबिक जमीन विवाद में इस वारदात को अंजाम दिया गया है. हालांकि पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है.इस संबध में किऊल रेल के सीनियर डीएसपी मो. एजाज ने बताया कि गया-हावड़ा एक्सप्रेस मंगलवार को किऊल रेलवे स्टेशन से शाम 4.44 बजे खुली थी. 4.47 बजे के आसपास यात्रियों ने जीआरपी को सूचना दी कि एक यात्री की हत्या कर दी गई है. उसके सिर में गोली मारी गई है. रेल डीएसपी ने बताया कि मृतक की पहचान महिसोना के रहने वाले धमेंद्र कुमार साह के रूप में हुई है. वहीं, किऊल रेलवे इस्पेक्टर अरंविद कुमार ने बताया कि मृतक के पास से जमीन और संपत्ति से जुड़े दस्तावेज मिले हैं. उन्हीं कागजात से मृतक की पहचान हुई है. उन्होंने कहा कि प्रथम दृष्या यह पता चलता है कि जमीन विवाद को लेकर ही धर्मेंद्र साह की हत्या की गई है.प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक चार बदमाशों ने इस घटना को अंजाम दिया है. दो लोगों के हाथ में पिस्तौल थी. हावड़ा-गया एक्सप्रेस में मौजूद दिलीप यादव ने बताया कि जैसे ही ट्रेन खुली कुछ दूरी के बाद ही उस यात्री की गोली मारकर हत्या कर दी गई. हत्या करने के बाद सभी ट्रेन से कूद गए. इस घटना के बाद हमलोग भी दहशत में आ गए.मृतक मृतक धर्मेंद्र कुमार साह लखीसराय जिले के महिसोना का रहने वाला था. ग्रामीणों के मुताबिक वह रिश्ते में सहदेव साह का दूर का नाती थी. सहदेव को संतान नहीं थी, जिस वजह से उसने धर्मेंद्र को पोशपुत (गोद लिया) लेकर अपनी वसीयत उसके नाम कर दी थी.

पटना में झारखंड की छात्रा से रेप, बीमार होने का बहाना बनाकर घर बुलाया, आरोपी को ढूंढ रही पुलिस -

News Pratyaksh | Updated : Wed 22nd Jan 2025, 11:55 am
पटना में झारखंड की छात्रा से रेप, बीमार होने का बहाना बनाकर घर बुलाया, आरोपी को ढूंढ रही पुलिस -                                                                 पटना: बिहार की राजधानी पटना में छात्रा के साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया गया है. उसके दोस्त ने ही पहले नशीला पदार्थ खिलाकर उसे बेहोश कर दिया, फिर बेहोशी की हालत में उसके साथ दुष्कर्म किया. घटना के बाद से आरोपी फरार है. वहीं, पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी में जुट गई है.पीड़ित छात्रा झारखंड के गिरिडीह की रहने वाली है. 22 वर्षीय पीड़िता पटना के पत्रकार नगर थाना क्षेत्र में किसी निजी हॉस्टल में रहकर पढ़ाई करती है. पढ़ाई के दौरान ही आरोपी युवक से उसकी दोस्ती हुई थी. कई बार दोनों के बीच मुलाकात हुई थी. इसी बीच कुछ दिन पहले आरोपी ने उसे अपनी बीमारी के बहाने कमरे में बुलाया. लड़की जब उसके पास आई तो उसने धोखे से नशीला पदार्थ मिलाकर खिला दिया. जब लड़की बेहोश हो गई, तब उसके साथ दुष्कर्म किया. पुलिस के मुताबिक पिछले साल पीड़िता की लड़के से दोस्ती हुई थी. पूछताछ में पीड़िता ने बताया कि आरोपी ने उसे अपने बीमार होने का हवाला देकर घर बुलाया था. जब वो आरोपी के घर पहुंची तो वो अकेला था. वहां उसने नशीला पदार्थ खिलाकर उसे बेहोश कर दिया और उसके साथ रेप किया. होश में आने के बाद किसी तरह वो अपने घर पहुची. पीड़िता की मानें तो आरोपी बार-बार उसे धमकी देता था और घर बुलाता था. धमकी और ब्लैकमेलिंग के कारण मजबूरन वह कई बार युवक से मिलती रही. उसके साथ लगातार इस तरह की घिनौनी हरकत होने की वजह से उसकी तबीयत बिगड़ गई. जिसके बाद परिजनों ने उसे कंकड़बाग स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया."बीमार बोलकर उसने मुझे अपने घर बुलाया था. जहां कुछ नशीला पदार्थ खिलाकर बेहोश कर दिया और मेरे साथ गलत किया. उसने मुझे धमकी भी दी. जब वह बार-बार मेरे साथ जबर्दस्ती करने लगा तब मैं भागकर अपने के घर चली गई."- पीड़ित छात्रा वहीं, पीड़ित छात्रा के बयान पर प्रियांशु सिंह राजपूत के खिलाफ केस दर्ज किया गया है. आरोपी कंकड़बाग का रहने वाला बताया जा रहा है. हालांकि शिकायत दर्ज होने के बाद से आरोपी युवक फरार है. थाना प्रभारी नीरज ठाकुर ने कहा कि आरोपी की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी का जा रही है.

इंडो-नेपाल बॉर्डर पर बड़ी कार्रवाई, 76 हजार की जाली भारतीय-नेपाली नोट के साथ तस्कर गिरफ्तार -

News Pratyaksh | Updated : Wed 22nd Jan 2025, 11:53 am
इंडो-नेपाल बॉर्डर पर बड़ी कार्रवाई, 76 हजार की जाली भारतीय-नेपाली नोट के साथ तस्कर गिरफ्तार -                                                             मधुबनी: बीते दिनों बिहार पुलिस की ओर से जाली नोट को लेकर अलर्ट जारी किया गया था. पुलिस द्वारा जानकारी दी गयी थी कि बाजारों में नकली नोट सर्कुलेट हो रहा है. पीएमसीएच के हॉस्टल से 12 लाख के जाली नोट बरामद किए गए थे. इसी बीच मधुबनी में एसएसबी ने जाली नोट की तस्करी का खुलासा किया है. इंदो-नेपाल सीमा पर एसएसबी ने जाली मुद्रा के साथ एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया है. सीमावर्ती इलाकों में मानव तस्करी, जाली मुद्रा, हथियारों की तस्करी एवं अन्य अवैध गतिविधियों को रोकने को लेकर अभियान चलाया जा रहा था इसी दौरान यह कार्रवाई की गयी. दरअसल, एसएसबी को सूचना मिली थी कि बॉर्डर इलाके से जाली नोट की तस्करी होने वाली है. कमांडेंट गोविंद सिंह भण्डारी के निर्देशन में एक टीम का गठन किया गया. निरीक्षक भगवान सहाय मीणा एवं अन्य जवानों ने मिलकर सीमा पिलर संख्या 271/01 से लगभग 2 किलोमीटर दूर जयनगर के थाना क्षेत्र से लगभग 1 km की दूरी पर भारतीय क्षेत्र में एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया.तस्करों के पास से भारतीय जाली मुद्रा 23,300, भारतीय मुद्रा के असली नोट 2200 और नेपाली जाली मुद्रा 53000 बरामद किया गया. तस्कर की पहचान प्रभात यादव(36), पिता स्वर्गीय महादेव यादव लक्ष्मीपुर मधुबनी के रूप में की गई. गिरफ्तार तस्कर को जयनगर पुलिस के हवाले कर दिया गया है.

कौन थे JDU के पूर्व विधायक डॉ प्रमोद सिंह, निधन से राजनीतिक गलियारे में छाई शोक की लहर -       

News Pratyaksh | Updated : Wed 22nd Jan 2025, 11:26 am
                                                    कैमूर: जेडीयू के भभुआ विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक डॉ प्रमोद सिंह का निधन हो गया है. हार्ट अटैक के कारण उनका निधन हो गया है. इस बात से जिले के लोगों और जनप्रतिनिधियों में शोक की लहर है. बता दें कि प्रमोद सिंह भभुआ थाना क्षेत्र के अखलासपुर गांव के निवासी थे, जिन्होंने अपने समय के विधायक कार्यकाल में कम समय में बहुत काम करके दिखाया था. उनके कामों को लोग कभी भूल नहीं पाएंगे.इन्हीं का कार्यकाल में भभुआ शहर को ग्रीन सिटी का नाम मिला था. बताया जाता है कि जनता दल यूनाइटेड के पूर्व भभुआ विधायक डॉ प्रमोद सिंह का कुछ दिनों से तबीयत खराब चल रही थी. इसी बीच आज उनकी असमय मृत्यु हो गयी, जिसकी सूचना मिलते ही महागठबंधन के कार्यकर्ताओं की उनके अंतिम दर्शन के लिए भीड़ उमड़ पड़ी. सभी ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर ईश्वर से उनके आत्मा की शांति के लिए कामना की. वहीं सूचना पर पहुंचे जिला परिषद सदस्य विकास सिंह उर्फ लल्लू पटेल ने दुख व्यक्त करते हुए बताया कि डॉ प्रमोद सिंह बहुत ही संघर्षशील और जुझारू नेता थे. ये तीन बार के पूर्व विधायक रह चुके थे. प्रमोद सिंह का ग्रामीण क्षेत्र के लोगों के लिए बहुत बड़ा योगदान रहा है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने उनके निधन पर शोक संवेदना प्रकट की है. जेडीयू ने ऑफिशियल सोशल मीडिया एक्स अकाउंट पर पोस्ट करते हुए लिखा है कि भभुआ के पूर्व विधायक प्रमोद कुमार सिंह जी के आकस्मिक निधन पर माननीय मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार जी ने अपनी संवेदना व्यक्त की है. उन्होंने शोकाकुल परिजनों से दूरभाष पर बात कर सांत्वना दी है. निश्चित रूप से उनका जाना राजनीतिक एवं सामाजिक क्षेत्र में एक अपूरणीय क्षति है. जद (यू) परिवार की ओर से विनम्र श्रद्धांजलि.डॉ. प्रमोद सिंह लगभग 64 वर्ष के थे. भभुआ विधानसभा क्षेत्र से 3 बार चुनाव जीतकर विधायक बने. जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के जिलाध्यक्ष भी रहे. इसके अलावा वे दो बार राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के टिकट पर और एक बार लोक जनशक्ति पार्टी ( एलजेपी ) के टिकट पर विधायक बने.डॉ. प्रमोद सिंह लगभग 64 वर्ष के थे. भभुआ विधानसभा क्षेत्र से 3 बार चुनाव जीतकर विधायक बने. जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के जिलाध्यक्ष भी रहे. इसके अलावा वे दो बार राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के टिकट पर और एक बार लोक जनशक्ति पार्टी ( एलजेपी ) के टिकट पर विधायक बने.

बनेगा हस्तशिल्प और व्यंजन का नया केंद्र, खादी मॉल में अर्बन हाट की शुरुआत :

News Pratyaksh | Updated : Tue 21st Jan 2025, 10:49 am
बनेगा हस्तशिल्प और व्यंजन का नया केंद्र, खादी मॉल में अर्बन हाट की शुरुआत :मुजफ्फरपुर के पीएनटी चौक स्थित खादी मॉल को अब एक बड़े बाजार के रूप में विकसित करने की तैयारी शुरू हो गई है. मॉल परिसर में एक भव्य अर्बन हाट बनाया जा रहा है, जिसमें 50 से अधिक स्टॉल लगाए जाएंगे. इन स्टॉल्स पर रेडिमेड कपड़े, मधुबनी पेंटिंग, सुजनी कला से बने वस्त्र, हस्तकला, शिल्पकला, मोमबत्ती, अगरबत्ती, सरसों तेल, साबुन, जूट एवं बांस के उत्पादों के साथ-साथ लहठी, अचार, पापड़, सत्तू और देशी खानपान जैसे बिहार के पारंपरिक व्यंजन उपलब्ध होंगे.पर्यटन एवं उद्योग मंत्री नीतीश मिश्रा की पहल पर शुरू हुई इस योजना के तहत अगले चार महीनों में अर्बन हाट का निर्माण पूरा किया जाना है. इसका उद्देश्य स्थानीय कारीगरों और कुटीर उद्योगों को प्रोत्साहित करना है. इन स्टॉल्स का संचालन खादी और ग्रामोद्योग से जुड़ी संस्थाओं द्वारा किया जाएगा. सरकारी योजनाओं के तहत संचालित कुटीर उद्योगों को प्राथमिकता दी जाएगी.अर्बन हाट में होने वाली बिक्री से प्राप्त राशि सीधे उन संस्थाओं और कारीगरों के खाते में जाएगी, जो अपने उत्पाद यहां बेचेंगे. इससे न केवल हस्तशिल्प और कुटीर उद्योगों को प्रोत्साहन मिलेगा, बल्कि राष्ट्रीय और राज्य स्तर के हथकरघा और हस्तशिल्प कारीगरों को अपना सामान बेचने का सुनहरा मौका मिलेगा।मॉल परिसर को खूबसूरत बनाने का काम भी चल रहा है. अर्बन हाट के शुरू होने के बाद यहां ग्राहकों की संख्या और बढ़ेगी. यह बाजार न केवल खरीदारी का केंद्र बनेगा बल्कि स्थानीय कला और संस्कृति को बढ़ावा देने का प्रमुख केंद्र भी होगा. यह पहल मुजफ्फरपुर के कुटीर उद्योगों और हस्तशिल्प कारीगरों के लिए एक बड़ी उपलब्धि साबित होगी. साथ ही, स्थानीय व्यंजन और शिल्पकला के संरक्षण में भी अहम भूमिका निभाएगी.