बिहार में पूर्ण शराबबंदी लागू हुए पूरे 10 साल बीत चुके हैं, लेकिन बेगूसराय से आई एक खबर ने सबको चौंका दिया. जिले के सिसवा गांव में सोमवार को एक ऐसी घटना घटी, जब प्राथमिक विद्यालय का एक 11 वर्षीय छात्र स्कूल से लड़खड़ाते हुए और नशे में धुत होकर घर पहुंचा,
News Pratyaksh | Updated : Tue 07th Apr 2026, 12:39 pm
बिहार में पूर्ण शराबबंदी लागू हुए पूरे 10 साल बीत चुके हैं, लेकिन बेगूसराय से आई एक खबर ने सबको चौंका दिया. जिले के सिसवा गांव में सोमवार को एक ऐसी घटना घटी, जब प्राथमिक विद्यालय का एक 11 वर्षीय छात्र स्कूल से लड़खड़ाते हुए और नशे में धुत होकर घर पहुंचा, तो परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई.बेगूसराय के बछवारा थाना क्षेत्र स्थित प्राथमिक विद्यालय सिसवा में चौथी कक्षा का छात्र मोहम्मद परवेज आलम का पुत्र सोमवार को रोज की तरह स्कूल गया था. स्कूल परिसर के पूर्वी भाग में एक जर्जर टॉयलेट है, जिसे तस्करों ने सुरक्षित गोदाम समझ बना दिया था. मासूम बच्चा जब वहां पहुंचा, तो उसने शराब की बोतलों से भरे कार्टून देखे.
नासमझी में बच्चे ने बोतल खोलकर शराब पी ली. कुछ ही देर में शराब का असर हुआ और बच्चा नशे में झूमने लगा. जब वह गिरते-पड़ते अपने घर पहुंचा और उसकी मां रिजवाना खातून ने उसकी हालत देखी, तो कोहराम मच गया. बच्चे के मुंह से शराब की तेज दुर्गंध आ रही थी और उसकी स्थिति काफी गंभीर थी.