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बिहार के इस जिले में बिक रहा नकली कॉस्मेटिक प्रोडक्ट :

News Pratyaksh | Updated : Tue 21st Jan 2025, 10:47 am
बिहार के इस जिले में बिक रहा नकली कॉस्मेटिक प्रोडक्ट : गया के बाजारों में नकली कॉस्मेटिक उत्पादों की बिक्री खुलेआम हो रही है. बड़ी दुकानों से लेकर गुमटियों तक, हर जगह विभिन्न शृंगार और सौंदर्य उत्पाद उपलब्ध हैं, लेकिन इनकी असली-नकली की जांच पर कोई सख्ती नहीं है. औषधि नियंत्रण विभाग की जिम्मेदारी होने के बावजूद नकली उत्पादों की बिक्री पर रोक नहीं लग रही.बाजार में नकली कॉस्मेटिक उत्पादों में विभिन्न प्रकार के क्रीम, पाउडर, रंगीन कॉस्मेटिक्स, मॉइस्चराइजर, क्लिंजर, शैंपू, कंडीशनर, हेयर कलर, साबुन और बबल बाथ शामिल हैं. लोग बताते हैं कि नामी कंपनियों के नाम पर नकली उत्पाद बेचे जाते हैं, जिनके नामों में मामूली बदलाव कर ग्राहकों को धोखा दिया जाता है.एएनएमएमसीएच के चर्म रोग विशेषज्ञों ने चेताया है कि नकली कॉस्मेटिक उत्पाद एलर्जी, त्वचा संक्रमण और अन्य गंभीर समस्याओं का कारण बन सकते हैं. इनमें हानिकारक रसायन होते हैं, जो किडनी, लीवर, एंडोक्राइन सिस्टम और प्रजनन अंगों को नुकसान पहुंचा सकते हैं. विशेषज्ञों का कहना है कि उपभोक्ताओं को प्राकृतिक और जैविक सामग्री वाले उत्पादों को प्राथमिकता देनी चाहिए.उपभोक्ताओं को उत्पाद खरीदते समय निर्माता कंपनी का लाइसेंस नंबर अवश्य देखना चाहिए. यह नकली उत्पादों से बचने का एकमात्र तरीका है. नकली उत्पादों के इस्तेमाल से बचना न केवल स्वास्थ्य के लिए जरूरी है, बल्कि बाजार में असली उत्पादों को बढ़ावा देने में भी मदद करता है.

इंजीनियरिंग के छात्र अमन वर्मा की रांची सदर अस्पताल में इलाज के दौरान मौत

News Pratyaksh | Updated : Mon 20th Jan 2025, 11:28 am
इंजीनियरिंग के छात्र अमन वर्मा की रांची सदर अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई।आज सोमवार को इसके बाद मृतक के परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाकर जमकर हंगामा किया।20 वर्षीय इंजीनिरिंग के छात्र अमर वर्मा को प्लेटलेट्स की कमी के बाद अस्पताल में भर्ती किया गया था। बेटे की मौत की खबर सुनकर मां की भी तबीयत बिगड़ गई है। अस्पताल में हंगामे की सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंच गई है और स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश कर रही है।परिजनों ने अस्पताल पर गंभीर आरोप लगाये है।जिसमे मरीज की उपेक्षा ,भ्रष्ट्राचार और तैनात चिकित्सक की उदासीनता का है।अस्पताल मे त डॉक्टर की तैनाती त भरमार की गई है साथ ही साथ नर्स और सहायक की भरमार है ।परन्तु उनकी ड्युटी से अधिक दिखावा अधिक होता है।अस्पताल मे डॉक्टर की मनमानी चरम पर होती है।उनकी इच्छा होने पर ही वो मरीज को हाथ लगाते है।मरीज गंभीर से गंभीर क्यु न हो वो चिकित्सा की खानापूर्ति ही कर छोड़कर चले जाते है।यदि अभिभावक ने प्रार्थना की त वो मरीज को ले जाने की सलाह देकर छोड़ देते है।मालूम हो की कोरोना काल मे सबसे अधिक मौत सदर अस्पताल मे ही रिपोर्ट की गई थी।

देश के नामी संस्थान के खिलाफ रोज फर्जीवाड़े का मामला दर्ज किया जा रहा है:

News Pratyaksh | Updated : Mon 20th Jan 2025, 11:27 am
देश के नामी संस्थान के खिलाफ रोज फर्जीवाड़े का मामला दर्ज किया जा रहा है: आरोप है इंजीनियरिंग की तैयारी कराने के नाम पर ठगी की गई है। अभिभावकों का कहना है कि बच्चों के भविष्य को संवारने के लिए गहना तक गिरवी रख दिए लेकिन बच्चों को पढ़ाने के नाम पर संस्थान रुपये लूट कर फरार हो गया। इस संस्था के द्वारा आज बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। मामला इंजीनियरिंग की तैयारी करने वाले कोचिंग सेंटर फिटजी की है, जो JEE की तैयारी करवाता है। यह संस्था राजधानी पटना के चार केन्द्रों से फीस के नाम पर रुपया लेकर फरार हो गई। अब परिजन थाना का चक्कर लगा रहे हैं। रविवार को कोतवाली थाना में पांच नये आवेदन दिए गये हैं।इस संबंध में भागवत नगर निवासी कृष्णा प्रसाद का कहना है कि उनके पुत्र ने बताया कि दो महीने से सही ढंग से पढाई नहीं हो रही है। शिक्षक विगत पांच महीनों से वेतन नहीं मिलने की बात कह रहे थे। फिर अचानक सभी शिक्षक एक दिन कोचिंग बंद कर के फरार हो गये। अब वही शिक्षक जो कल तक वहां पढ़ाते थे अब दूसरी जगह से उन बच्चों को फोन कर बुलाकर दूसरे संस्थान में नामांकन कराने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। अब स्थिति यह है कि मेरे रुपये भी डूब गये और मेरे बच्चे की पढ़ाई भी नहीं हो पाई। अब मैं क्या करूँ?हंगामा होने पर शिक्षक और कर्मचारियों को थाना बुलाया फिर छोड़ दिया कृष्णा प्रसाद ने बताया कि मुझसे तीन किस्तों में कुल 2 लाख 50 हजार रुपये लिए गये। उन्होंने बताया कि जब बच्चों को कोचिंग बंद होने की जानकारी हुई तो सभी बच्चों ने इस बात की जानकारी अपने माता-पिता को दी। देखते ही देखते पटना के चारों केन्द्रों पर बच्चों के माता-पिता जमा हो गये और हंगामा करने लगे। हंगामा की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस भी उन संस्थानों तक पुलिस पहुँच गई। मामला ज्यादा न बिगड़े इसलिए माहौल को नियंत्रण में रखने के लिए पुलिस ने कोचिंग के सारे शिक्षकों और कर्मियों को पकड़कर कोतवाली थाना ले आई। कुछ ने कहा कि मैं इस कोचिंग में कर्मचारी हूं, तो किसी ने कहा कि मैं गार्ड हूं। शिक्षकों ने पुलिस को कहा कि मैं शिक्षक हूं, मेरा काम सिर्फ पढ़ाना है। शिक्षकों ने फिर बच्चों की पढ़ाई को जारी रखने का आश्वासन दिया और इस आधार पर पुलिस ने सभी को छोड़ दिया।इस संबंध में कोतवाली थानाध्यक्ष राजन कुमार ने 'अमर उजाला' को बताया कि फिटजी कोचिंग संस्था पर पूर्व नियोजित तरीके से बंद करने और फीस की रकम हड़प कर छात्रों का नुकसान करने के आरोप में कांड संख्या 41/ 25 के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। थानाध्यक्ष ने बताया कि इस मामले में कोचिंग के निदेशक डी के गोयल सहित मनीष आनंद, राजीव बब्बर और आर के ठाकुर को नामजद अभियुक्त बनाया गया है। अब इस मामले में कोचिंग संस्था के खिलाफ जितने भी आवेदन आ रहे हैं, सभी को कांड संख्या 41/ 25 के साथ ही संलग्न किया जा रहा है। पुलिस अब उन आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करेगी।

देवघर में आग ने मचाई तबाही, मीना बाजार की कई दुकानें जलकर राख, करोड़ों का नुकसान :-

News Pratyaksh | Updated : Sat 18th Jan 2025, 10:27 am
देवघर में आग ने मचाई तबाही, मीना बाजार की कई दुकानें जलकर राख, करोड़ों का नुकसान :-                                                                       देवघर: जिले के नगर थाना मीना बाजार के पास शुक्रवार की देर रात भीषण आग लग गई. आग की घटना में कई दुकानें जलकर राख हो गई. फिलहाल आग पर काबू पा लिया गया है. घटना को लेकर स्थानीय लोगों ने बताया कि सभी दुकानदार जब अपनी दुकान बंद करके घर चले गए थे तभी उन्हें जानकारी मिली कि उनकी दुकान में आग लग गई है.दुकान के आसपास रहने वाले दुकानदार जब मौके पर पहुंचे तो देखा कि आग काफी भयावह है. शुरुआत में लोगों ने अपने स्तर से आग बुझाने का प्रयास करना शुरू किया. वहीं, कुछ लोगों के द्वारा घटना की जानकारी फायर ब्रिगेड की टीम को दी गई. जिसके बाद फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया गया. आग से हुए नुकसान को लेकर आक्रोशित दुकानदारों ने कहा कि यह असामाजिक तत्वों द्वारा आग की घटना को अंजाम दिया गया है. हालांकि इसे लेकर आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है.खुदरा व्यापारी संघ के सदस्य प्रमोद केसरी ने बताया कि मीना बाजार के दुकानदारों ने नगर निगम एवं जिला अधिकारी को कई बार बाजार में सुरक्षा मुहैया कराने के लिए सूचित किया गया है लेकिन अभी तक बाजार के किसी भी गेट पर सुरक्षा कर्मियों की तैनाती नहीं हुई है. दुकानदारों ने बताया कि यदि दमकल की टीम नहीं आती तो देर रात मीना बाजार के सारे दुकानों में आग लग जाती. आगजनी की घटना में करीब एक करोड़ से ज्यादा रुपए के नुकसान हुए हैं. आठ से दस दुकानें जलकर राख हो गई है.